नई दिल्लीः दिगंबर जैन लाल मंदिर चांदनी चौंक में मूलनायक भगवान पार्श्वनाथ की भव्य महाआरती का आयोजन आचार्य श्री अनेकांत सागरजी ससंघ व आर्यिका चंद्रमती एवं दक्षमती माताजी के सान्निध्य में 15 अप्रैल को सांयकाल 7 बजे किया गया। इस अवसर पर लाल मंदिर का पूरा परिसर भव्य रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगा उठा। पहले भगवान पार्श्वनाथ की वेदी पर आरती के बाद नीचे मानस्तंभ के पास मंच पर आचार्य श्री ने महाआरती के मुख्य पात्रों सर्वश्री चक्रेश जैन, शेखर जैन, नवीन जैन,सुनील जैन, प्रमोद जैन, राजकुमार जैन, डी के जैन, पवन जैन गोधा को पगडी पहनवाकर सम्मानित कराया। चक्रेश जैन को जिन शासन प्रभावक की उपाधि से अलंकृत किया गया। महाआरती समारोह का शानदार संचालन युवा विद्वान पंडित दीपक जैन शास्त्री कृष्णानगर ने किया।
लालमंदिर के मैनेजर पुनीत जैन को भी पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया गया। इस ऐतिहासिक आयोजन में राजधानी के सभी क्षेत्रों के हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। आचार्य श्री ने कहा कि नवदेवता पूजन में चैत्य और चैत्यालय भी पूजनीय हैं। अपनी आत्मा को सम्यक दर्शन, ज्ञान व चरित्र से ओत प्रोत करने पर ही सच्चा सुख प्राप्त होगा। लालमंदिर को भव्य रोशनी से सजाया गया था। समारोह ध्वजारोहण, भगवान पार्श्वनाथ के चित्र अनावरण से शुरू हुआ। इस अवसर पर कन्ज्यूमर कोर्ट के जज सुभाष जैन, अनिल जैन ( काठमांडू ), प्रदीप जैन, रमेश जैन एडवोकेट नवभारत टाइम्स, ज्ञानचंद जैन, धीरज कासलीवाल, शरद कासलीवाल, टीकमचंद जैन -केकडी, अंकुर जिनेंद्र जैन आदि गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। महाआरती का सीधा प्रसारण आदिनाथ चैनल पर किया गया। लालकिला के सामने स्थित दिगंबर जैन लाल मंदिर के इस ऐतिहासिक भव्य रंग-बिरंगे समारोह को भारी ट्रेफिक के बीच आते-जाते हजारों यात्रियों ने भी बडे कौतुहल से देखा।
रमेश जैन एडवोकेट, नवभारत टाइम्स, नई दिल्ली
